कांग्रेस और शशि थरूर के बीच ताजा तनातनी: 'वह पीएम की चुप्पी सुनते हैं'
कांग्रेस पार्टी में एक बार फिर से शशि थरूर के बयानों ने तूफान खड़ा कर दिया है। इस बार, पार्टी के वरिष्ठ नेता पवन खेरा ने थरूर की आलोचना करते हुए कहा है कि वह प्रधानमंत्री की चुप्पी सुनते हैं। खेरा का यह बयान थरूर के हालिया बयानों पर प्रतिक्रिया है, जिसमें उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की नीतियों की आलोचना की थी।
थरूर के बयानों पर खेरा की प्रतिक्रिया
पवन खेरा ने थरूर के बयानों की आलोचना करते हुए कहा कि वह प्रधानमंत्री की चुप्पी सुनते हैं। खेरा का यह बयान थरूर के हालिया बयानों पर प्रतिक्रिया है, जिसमें उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की नीतियों की आलोचना की थी। खेरा ने कहा कि थरूर के बयान पार्टी के लिए हानिकारक हैं और उन्हें अपने बयानों के लिए माफी मांगनी चाहिए।
थरूर का पलटवार
शशि थरूर ने पवन खेरा के बयान पर पलटवार करते हुए कहा कि वह पार्टी के लिए अपनी बात रखने के लिए स्वतंत्र हैं। थरूर ने कहा कि उन्होंने कुछ भी गलत नहीं कहा है और उनके बयान पार्टी के लिए हानिकारक नहीं हैं। थरूर ने कहा कि वह पार्टी के लिए अपनी बात रखने के लिए स्वतंत्र हैं और उन्हें अपने बयानों के लिए माफी मांगने की जरूरत नहीं है।
कांग्रेस पार्टी की स्थिति
कांग्रेस पार्टी में शशि थरूर के बयानों ने एक बार फिर से तूफान खड़ा कर दिया है। पार्टी के वरिष्ठ नेता पवन खेरा ने थरूर की आलोचना करते हुए कहा है कि वह प्रधानमंत्री की चुप्पी सुनते हैं। यह बयान थरूर के हालिया बयानों पर प्रतिक्रिया है, जिसमें उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की नीतियों की आलोचना की थी। पार्टी के नेताओं के बीच इस तरह की तनातनी पार्टी के लिए हानिकारक हो सकती है।
निष्कर्ष
कांग्रेस पार्टी में शशि थरूर के बयानों ने एक बार फिर से तूफान खड़ा कर दिया है। पार्टी के वरिष्ठ नेता पवन खेरा ने थरूर की आलोचना करते हुए कहा है कि वह प्रधानमंत्री की चुप्पी सुनते हैं। यह बयान थरूर के हालिया बयानों पर प्रतिक्रिया है, जिसमें उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की नीतियों की आलोचना की थी। पार्टी के नेताओं के बीच इस तरह की तनातनी पार्टी के लिए हानिकारक हो सकती है। यह देखना दिलचस्प होगा कि पार्टी इस स्थिति से कैसे निपटती है।
संपादक जम्पर मीडिया (Jumper Media).
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